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से बहुत सस्त्ता सािान मिल जाता था. जबकक वे औरतें किला से बहुत अच्छी श्स्त्थनत की थीीं. सब के घर काफी जिीन जायदाद और किाने खाने वाले थे लेककन किला गरीब होते हुए भी इस गरीबी रेखा वाले काडच से बींधचत थी.
गााँव की काफी अिीर औरत को ववधवा पेंशन मिल रही थी लेककन गरीब किला ववधवा होते हुए भी इसके काबबल न थी क्योंकक उस की कोई सुनने वाला नही था. गााँव के िुखखया तक उसकी पहुींच नही थी. उसके घर िें मसफच एक वोि होता था. जो िुखखया कक नजर िें कु छ भी नही था.
लेककन िोहल्ले की एक औरत रिा को किला की इस दशा पर दया आ गयी. उन टदनों पींचायत का िुखखया उस औरत का करीबी था. रिा ने किला को आकवासन टदया कक वो उसकी ववधवा पेंशन और उसका गरीबी रेखा वाला काडच िुखखया से कह बनवा देगी. बस श्जस टदन वो उसे अपने घर बुलाये उस टदन किला उसके घर आ जाय. श्जससे िुखखया के रिा के घर आने पर वो किला की मसफाररश उससे कर सके.
किला रिा की बात सुन बहुत खुश हुई. इससे अच्छी और क्या बात हो सकती थी. एक टदन जब िुखखया रिा के घर आया तो रिा ने किला को बुलावा भेज टदया. किला अपने छोिे लडके छोिू को ले रिा के घर पहुींच गयी गयी. िुखखया रिा के घर कु सी पर बड़े आराि से बैिा था. िुखखया की उम्र कोई पचास साल के आसपास होती. किला ने जाते ही िुखखया से दुआ सलाि की.
रिा ने किला का पररचय िुखखया से कराया,“ िुखखया जी ये रणवीर की घरवाली किला है. बेचारी बड़ी गरीब और दुखखयाररन है. आप इसकी पेंशन और गरीबी रेखा वाला काडच बनवा दो.” िुखखया ने किला को ऊपर से नीचे तक देखा. िुखखया की नजरों िें इतनी गींदगी थी कक किला मसहर कर रह गयी. घूाँघि ककये बैिी किला को सिझ न आया कक इतनी उम्र का आदिी उसे इस तरह क्यों देख रहा है?
िुखखया किला की ओर नजर गढा कर देखता हुआ बोला,“ अच्छा कोई बात नही. सब काि हो जायेगा. किला तू िुझे अपने दो फोिो खखींचवा कर दे देना. कफर िैं तेरी ववधवा पेंशन और गरीबी रेखा वाला काडच वनवा दू ींगा.”
किला का टदल खुश हो उिा लेककन िुखखया की वहशी नजर उसे अब भी डरा रही थी. किला का लड़का छोिू इस वक्त इतना सिझदार तो था ही कक कोई उसकी िााँ को इस तरह की पैनी नजरों से देखे तो वह कु छ सिझ न पाए. छोिू खुद िुखखया की नजरों से सहिा हुआ सा था.
रिा खुश होकर बोली,“ चल किला तेरा काि तो हो गया लेककन िुखखया जी का एहसान याद रखना. बहुत नेक आदिी हैं िुखखया जी. अगर ककसी टदन िुखखया जी तुझसे ककसी काि की कहें तो िना ित करना. सिझी.”
किला ने हााँ िें सर तो टहला टदया लेककन रिा की द्ववअथी बातों का ितलब वो खूब सिझती थी. पूरे