कवर स्टोरी
किंतु-परंतु ' का सहारा लेकर इसे गिरा दिया । यह महिलाओं के अधिकारों का हनन है । विपक्ष को इसके लिए आने वाले चुनावों में महिलाओं के गुससे का सामना करना पड़ेगा ।
महिला आरक्षण पर विपक्ष को घेरते हुए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने विपक्ष पर ' महिला-विरोधी चरित्र ' उजागर करने का आरोप लगाते हुए कहा
कि विपक्ष ने संकीर्ण राजनीतिक सिाथ्य के लिए नारी शशकत का अपमान किया है । यह विधेयक महिलाओं को उनका अधिकार दिलाने का एक ऐतिहासिक अवसर था, जिसे विपक्ष ने रोक दिया ।
इस मसले पर भाजपा अधयक्ष नितिन नवीन ने भी कड़ी टिपपणी करते हुए कहा कि विपक्ष
देश के अधिकतर विपषिी राजनीतिक दल सार्वजनिक रूप से यह दावा करते हैं कि वह अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के कलयाण के लिए राजनीति करते हैं, लेकिन ्या वा्तव में ऐसा है? कारण यह है कि महिला आरषिण विधेयक का विपषिी दलों ने जिस तरह से विरोध किया, उससे एक बार पुनः यह सिद्ध हो गया है कि विपषिी दलों के लिए अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग सिर्फ वोट बैंक से जयादा नहीं है ।
का महिला विरोधी चेहरा फिर से बेनकाब हो गया है और वह नारी शशकत के प्रतिनिधिति के मार्ग में रोड़े अटका रहे हैं । यह विधेयक देश की महिलाओं के लिए एक ऐतिहासिक अवसर था, जिसे कांग्ेस के नेतृति वाले गठबंधन ने गिरने दिया । विपक्ष अचछी चीजों के लिए भी सकारातमक दृष्टिकोण नहीं रखता और मोदी विरोध में अंधा हो गया है ।
अनु. जाति एवं जनजाति वर्ग की महिलाओं को मिला विपषि से धोखा
देश के अधिकतर विपक्षी राजनीतिक दल सार्वजनिक रूप से यह दावा करते हैं कि वह अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के कलयाण के लिए राजनीति करते हैं, लेकिन कया वासति में ऐसा है? कारण यह है कि महिला आरक्षण विधेयक का विपक्षी दलों ने जिस तरह से विरोध किया, उससे एक बार पुनः यह सिद्ध हो गया है कि विपक्षी दलों के लिए अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग सिर्फ वोट बैंक से जयादा नहीं है । ऐसा पहली बार नहीं हुआ है, जब अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के कथित हितों के नाम पर विपक्षी दलों ने सिर्फ अपने सिाथषों एवं हितों को महति दिया है । देश की राजनीति में दशकों से ऐसे तमाम उदाहरण सामने आ चुके हैं, जब अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग के लोगों को भ्रमित करके उनके वोट हासिल करके मनमानी के साथ सत्ा का संचालन विपक्षी दलों के कारनामों के कारण संभव हो सका ।
ऐसा ही विपक्षी दलों द्ारा पुनः किया जा रहा है । महिला आरक्षण विधेयक को संसद में पारित न कराकर विपक्षी दलों ने अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग की महिलाओं को ठगने का काम किया है । विपक्ष शायद महिला शशकत को भूल गया है कि हाल ही में बिहार चुनाव के दलौरान अनुसूचित जाति एवं अनुसूचित जनजाति वर्ग की महिलाओं की शशकत का अहसास करते हुए विपक्ष को धूल चाटने के लिए बाधय कर
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